Jun 25, 2017

32 करोड़ से संवरेगा रेलवे यार्ड

मार्च 2018 से यात्रियों को हाईटेक सुविधाएं मिलने लगेंगी, इसके लिए पूर्वोत्तर रेलवे ने गोंडा रेलवे यार्ड को संवारने के लिए 32 करोड़ रुपये का बजट आवंटित कर दिया है। यह जानकारी शनिवार को गोंडा रेलवे स्टेशन का निरीक्षण करने आए पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक सत्यप्रकाश त्रिवेदी ने दी। 

जीएम त्रिवेदी शनिवार की दोपहर एक बजे कटरा, नवाबगंज रेलवे स्टेशनों का जायजा लेने के बाद गोंडा पहुंचे जहां उन्होंने रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर एक का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने पूछताछ कार्यालय में उपस्थित यात्रियों से सुविधाओं की नब्ज टटोली। पूछा कि ट्रेनों के आवागमन सहित अन्य जानकारियां मिल रही हैं, जिस पर यात्री युवराज सिंह का कहना था कि कोई कुछ नहीं बताता है। यह सुनते ही जीएम का पारा चढ़ गया, उन्होंने मंडल रेल प्रबंधक आलोक सिंह को सभी की कार्यशैली सुधारने की जरूरत है। इन सबको प्रशिक्षण देने के लिए गोरखपुर भेजा जाए। सफाई व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए एक यात्री का कहना था कि जब अधिकारी आते हैं, तभी सफाई होती है। इस पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों को फटकार लगाते हुए सुधर जाने की चेतावनी दी। प्लेटफार्म पर निर्माणाधीन स्वाचलित सीढ़ी, लिफ्ट का अधूरा कार्य को शीघू पूरा करने का आदेश दिया। यात्रियों की शिकायतों से झल्लाए जीएम ने कहा कि मार्च से सब कुछ बदल जाएगा। जो अधिकारी, कर्मचारी कार्यशैली नहीं बदलेगे, वे ट्रेनिंग के लिए भेजे जाएंगे। साथ ही स्टेशन पर सुविधाएं बढ़ाने के लिए 32 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं जिससे रेलवे यार्ड वाशिंग पिट लाइन, तीन नए प्लेटफार्म, ओआरएच डिपो, स्वचालित सीढ़ी, प्लेटफार्म नंबर तीन का सुंदरीकरण, प्लेटफार्म नंबर एक व दो का नया एप्रेन, जल निकासी की सुविधा चुस्त दुरुस्त की जाएगी। ये सभी कार्य मार्च तक पूरा कर लिए जाएंगे। इसके बाद उन्होंने रेलवे डीजल शेड का निरीक्षण किया जहां पिट लाइन को साफ सुथरा रखने का निर्देश दिया। इस दौरान पूर्वोत्तर रेलवे श्रमिक संघ के भगवंत गुप्ता की अगुवाई में 16 सूत्रीय मांगपत्र तथा क्षेत्रीय परामर्श दात्री सदस्य पंकज कुमार श्रीवास्तव ने 11 सूत्रीय मांगपत्र सौंपा।

जब जीएम से न्याय मांगने पहुंची महिला

पूर्वोत्तर रेलवे के जीएम एसपी त्रिवेदी जिस समय यात्री सुविधाओं की नब्ज टटोल रहे थे, उसी समय एक महिला स्टेशन पर कार्यरत एक कर्मचारी की शिकायत लेकर पहुंच गई। रोते हुए उसने आपबीती बताई और न्याय की गोहार लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। इस पर जीएम ने डीआरएम को कार्रवाई के निर्देश दिए।
Source - Amar Ujala