मंगलवार दोपहर करीब एक बजे रेलवे स्टेशन पर स्टेशन सुपरिटेंडेंट के दफ्तर के अंदर ही दो गार्ड आपस में भिड़ गए। एक दूसरे के साथ मारपीट शुरू कर दी। झगड़े की सूचना मिलने पर स्टेशन स्टाफ, टीटी व अन्य गार्ड मौके पर पहुंचे और दोनों का झगड़ा छुड़ाया। इसके बाद मामले की शिकायत थाना जीआरपी को गई। वहीं रेलवे के उच्च अधिकारियों के ध्यान में भी पूरा मामला लाया गया है। रेलवे ने मामले की जांच डीएम अशोक सलारिया को सौंपी है। वह जांच करने के लिए आज को जालंधर से अमृतसर आएंगे।
गार्ड हरसिमरन ¨सह, यूआरएमयू का सहायक सचिव है। मंगलवार दोपहर को रेलवे स्टेशन के सुपरिटेंडेंट के दफ्तर में थे। दूसरा गार्ड राज कुमार, जिसने की सोसायटी से लोन लेने के लिए स्टेशन सुपरिटेंडेंट के साइन करवाने थे। इसके लिए वह दोपहर को सुपरिटेंडेंट के दफ्तर में गया। वहां पर पहले से ही हरसिमरन ¨सह अपनी यूनियन के साथियों के साथ बैठा था। किसी बात को लेकर दोनों में तूं-तूं-मैं-मैं शुरू हो गई। देखते ही देखते हाथापाई में तब्दील हो गई। दोनों ही गार्डो ने एक-दूसरे के साथ मारपीट शुरू कर दी। रेलवे स्टेशन पर काफी हंगामा हुआ तो स्टाफ इकट्ठा हो गए और दोनों को अलग-अलग किया गया। इसके बाद प्लेटफार्म पर पहुंचने पर दोनों के बीच फिर से हाथापाई शुरू हो गई। बाद में पुलिस ने आकर झगड़ा छुड़वाया। गार्ड हरसिमरन ¨सह ने मामले की शिकायत तुरंत थाना जीआरपी को कर दी है। वहीं गार्ड राजकुमार ने भी लिखित में शिकायत अपने उच्च अधिकारियों को कर दी है। जिस पर मामले की जांच की जिम्मेदारी डीएम अशोक सलारिया को सौंप दी गई है।
सुपरिटेंडेंट पल्ला छुड़वाते रहे:
रेलवे स्टेशन के सुपरिटेंडेंट के सामने दो गार्ड आपस में भिड़े। इस संबंधी जब उनसे पूछा गया तो वह पल्ला छुड़वाते रहे और पूरे मामले पर कुछ भी बोलने से इंकार कर दिया। जबकि पूरा झगड़ा, उनके सामने हुआ और गार्ड भी एक-दूसरे के साथ मारपीट करते रहे।
Source - Jagran